चंडीगढ़ में फाइनेंसर रामलाल चौधरी पर ED की चार्जशीट, मनी लॉन्ड्रिंग केस में बढ़ीं मुश्किलें

Chandigarh. चंडीगढ़ के सेक्टर-46 में रहने वाले फाइनेंसर और प्रॉपर्टी डीलर रामलाल चौधरी की मुश्किलें बढ़ गई हैं। प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने रामलाल चौधरी और उनके बेटे अमित कुमार के खिलाफ मनी लॉन्ड्रिंग के गंभीर आरोपों में चंडीगढ़ जिला अदालत में चार्जशीट दायर की है। चार्जशीट दायर होने के बाद कोर्ट ने दोनों आरोपियों को नोटिस जारी किया और सुनवाई के लिए 6 फरवरी की तारीख तय की। ED की यह कार्रवाई चार साल पहले की घटनाओं से जुड़ी है, जब चंडीगढ़ पुलिस ने रामलाल चौधरी को दो बड़े धोखाधड़ी के मामलों में गिरफ्तार किया था।
इन मामलों की जांच के दौरान उनके फाइनेंशियल नेटवर्क और संपत्तियों का खुलासा हुआ, जिसके बाद ED ने मनी लॉन्ड्रिंग के नज़रिए से मामला अपने हाथ में ले लिया। करीब तीन साल तक चली जांच के बाद अब चार्जशीट दायर की गई है। रामलाल चौधरी करीब पांच दशक पहले मज़दूर के तौर पर काम करते थे। 1976 में वह चंडीगढ़ आए और रामदरबार कॉलोनी की झुग्गियों में रहने लगे। शुरुआत में उन्होंने सड़क किनारे सामान बेचकर और छोटे-मोटे काम करके गुज़ारा किया। बाद में, उन्होंने प्रभावशाली लोगों और पुलिस अधिकारियों से करीबी संबंध बनाए और फाइनेंस के धंधे में उतर गए। आरोप है कि उन्होंने आपराधिक मामलों में राहत दिलाने का वादा करके और सरकारी मशीनरी में अपने प्रभाव का इस्तेमाल करके लोगों से बड़ी रकम वसूली।
नए खबरों के लिए बने रहे सटीकता न्यूज के साथ।




