एयर इंडिया हादसे पर सुप्रीम कोर्ट सख्त, केंद्र से मांगी जांच प्रक्रिया की रिपोर्ट

Senior Reporter India | नई दिल्ली से बड़ी कानूनी अपडेट सामने आई है। सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार से पिछले वर्ष 12 जून को हुए एयर इंडिया विमान हादसे की जांच में अपनाई गई प्रक्रिया को लेकर संक्षिप्त रिपोर्ट प्रस्तुत करने को कहा है। सुनवाई के दौरान केंद्र और नागर विमानन महानिदेशालय (DGCA) की ओर से सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत और न्यायमूर्ति जॉयमाल्या बागची की पीठ को बताया कि एयरक्राफ्ट एक्सीडेंट इन्वेस्टिगेशन ब्यूरो (AAIB) की जांच अंतिम चरण में पहुंच चुकी है। कुछ तकनीकी पड़ताल विदेश में भी की जानी बाकी है।
पीठ ने शुरुआत में सुझाव दिया था कि जांच रिपोर्ट सीलबंद लिफाफे में सौंपी जाए। इस पर मेहता ने भरोसा दिलाया कि जांच से जुड़ी अहम जानकारियां अदालत के साथ साझा की जाएंगी। उन्होंने यह भी कहा कि इस मामले से संबंधित तीन याचिकाओं पर विस्तृत सुनवाई तीन सप्ताह बाद संभव है। अदालत ने स्पष्ट किया कि AAIB का दायित्व दुर्घटना के कारणों की पहचान करना है, न कि किसी पर मंशा का आरोप लगाना।
एनजीओ ‘सेफ्टी मैटर्स फाउंडेशन’ की ओर से पेश अधिवक्ता प्रशांत भूषण ने दावा किया कि इसी तरह की तकनीकी घटनाएं तीन अन्य बोइंग 787 विमानों में भी सामने आई थीं और इन याचिकाओं पर सरकार ने अब तक जवाब दाखिल नहीं किया है।
गौरतलब है कि एयर इंडिया की बोइंग 787-8 Flight AI 171, जो अहमदाबाद से लंदन के गैटविक एयरपोर्ट के लिए रवाना हुई थी, उड़ान भरने के कुछ समय बाद दुर्घटनाग्रस्त हो गई थी। विमान का संचालन कैप्टन सुमित सभरवाल और सह-पायलट कैप्टन क्लाइव कुंदर कर रहे थे। इस भीषण हादसे में 241 यात्रियों और क्रू सदस्यों सहित कुल 260 लोगों की जान गई थी। मृतकों में गुजरात के पूर्व मुख्यमंत्री विजय रूपाणी का नाम भी शामिल था।
नए खबरों के लिए बने रहे सटीकता न्यूज के साथ।




