शरद पूर्णिमा का पर्व आध्यात्मिक, धार्मिक और वैज्ञानिक दृष्टि से महत्वपूर्ण है। इस दिन चंद्रमा की कृपा, देवी लक्ष्मी की पूजा और भगवान कृष्ण की रास लीलाओं का स्मरण लोगों के जीवन को भक्ति और आनंद से भर देता है। हिंदू पंचांग के अनुसार, आश्विन मास की पूर्णिमा को शरद पूर्णिमा कहा जाता है।